Water Level: टिहरी बांध झील में बढ़ता जलस्तर बढ़ा रहा है बीमारी का खतरा

सारांश

टिहरी बांध झील का जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों में चिंता टिहरी बांध झील का जलस्तर बढ़ने से चिन्यालीसौड़ में समस्याएँ टिहरी बांध झील के जलस्तर में लगातार वृद्धि के कारण चिन्यालीसौड़ और उसके आस-पास के क्षेत्रों में संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है। झील में जमा कूड़ा-कचरा और मृत जानवरों के शवों की बदबू […]

kapil6294
Oct 30, 2025, 11:13 PM IST

टिहरी बांध झील का जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों में चिंता

टिहरी बांध झील का जलस्तर बढ़ने से चिन्यालीसौड़ में समस्याएँ

टिहरी बांध झील के जलस्तर में लगातार वृद्धि के कारण चिन्यालीसौड़ और उसके आस-पास के क्षेत्रों में संकट की स्थिति उत्पन्न हो गई है। झील में जमा कूड़ा-कचरा और मृत जानवरों के शवों की बदबू से ग्रामीणों का जीना बेहद कठिन हो गया है। इस समस्या के चलते हिटारा गांव के स्कूल के बच्चों के स्वास्थ्य को लेकर भी चिंता जताई जा रही है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से सफाई कार्य और मोक्ष घाट बनाने की मांग की है ताकि स्थिति को जल्द से जल्द सुधार किया जा सके।

टिहरी बांध झील का दृश्य

लगातार जलस्तर बढ़ने से चिन्यालीसौड़ बाजार, छोटी नागणी, हिटारा के पास तक पहुंचा जलस्तर।

जलस्तर में वृद्धि के कारण और प्रभाव

हाल के दिनों में बारिश और बर्फबारी के कारण टिहरी बांध झील का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। इससे आसपास के गांव जैसे चिन्यालीसौड़, छोटी नागणी और हिटारा पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। जलस्तर में वृद्धि के कारण कई घरों और खेतों में पानी भर गया है, जिससे फसलें भी प्रभावित हो रही हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन इस गंभीर स्थिति की ओर ध्यान नहीं दे रहा है।

  • जलस्तर में वृद्धि के कारण घरों में पानी भरना
  • फसलों को नुकसान पहुँचाना
  • स्वास्थ्य संबंधी समस्याएँ उत्पन्न होना

ग्रामीणों की मांग और प्रशासन की प्रतिक्रिया

ग्रामीणों ने प्रशासन से दो मुख्य मांगें की हैं। पहली मांग है कि झील के आसपास की सफाई की जाए ताकि कूड़ा-कचरा और मृत जानवरों के शवों को हटाया जा सके। दूसरी मांग है कि क्षेत्र में एक मोक्ष घाट का निर्माण किया जाए ताकि जलस्तर के बढ़ने पर भी शवों का सही तरीके से अंतिम संस्कार किया जा सके। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यदि उनकी मांगों को नजरअंदाज किया गया, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।

प्रशासन ने इस मुद्दे पर संज्ञान लेते हुए कुछ पहल करने की बात कही है। हालांकि, ग्रामीणों का मानना है कि कार्रवाई में तेजी लाने की आवश्यकता है। यदि जल्द ही ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले दिनों में स्थितियाँ और भी विकट हो सकती हैं।

स्वास्थ्य पर प्रभाव और बच्चों की सुरक्षा

हिटारा गांव में स्कूल जाने वाले बच्चों की सेहत को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। झील के पास फैल रही दुर्गंध और गंदगी के कारण बच्चों में विभिन्न प्रकार की बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय स्वास्थ्य विभाग ने भी इस पर ध्यान दिया है और स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित करने की योजना बनाई है।

ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन को त्वरित कदम उठाने चाहिए। इसके साथ ही, उन्हें जागरूकता कार्यक्रम भी चलाने की आवश्यकता है ताकि ग्रामीण और बच्चे स्वच्छता के महत्व को समझ सकें।

निष्कर्ष

टिहरी बांध झील का बढ़ता जलस्तर केवल जलवायु परिवर्तन का परिणाम नहीं है, बल्कि यह स्थानीय प्रशासन की अनदेखी का भी एक उदाहरण है। स्थानीय निवासियों को तत्काल राहत की आवश्यकता है। यदि प्रशासन उनके साथ सहयोग करके समस्या का समाधान नहीं करता है, तो यह मामला केवल स्थानीय स्वास्थ्य और सुरक्षा के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की आर्थिक स्थिति पर भी नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।

अतः, यह समय है कि सभी संबंधित विभाग मिलकर इस समस्या का समाधान करें ताकि ग्रामीणों को राहत मिल सके और उनके जीवन स्तर में सुधार हो सके।


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कपिल शर्मा 'जागरण न्यू मीडिया' (Jagran New Media) और अमर उजाला में बतौर पत्रकार के पद पर कार्यरत कर चुके है अब ये खबर २४ लाइव के साथ पारी शुरू करने से पहले रिपब्लिक भारत... Read More

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