चक्रवाती तूफान मोंथा का असर झारखंड में
चक्रवाती तूफान मोंथा का प्रभाव झारखंड के रांची और आस-पास के जिलों में तेजी से बढ़ता जा रहा है। मंगलवार दोपहर से पूरे राज्य में बारिश का दौर शुरू हो चुका है, जिससे मौसम में बदलाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। मौसम विभाग के अनुसार, 1 नवंबर तक बारिश के साथ-साथ गर्जन और वज्रपात की गतिविधियां भी देखी जा सकती हैं। हवाओं की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है।
भारी बारिश की संभावना वाले जिलों की सूची
मौसम विभाग ने गुरुवार को पलामू, गढ़वा, चतरा, लातेहार के साथ-साथ रांची, बोकारो, गुमला, हजारीबाग, खूंटी, रामगढ़, लोहरदगा, कोडरमा और धनबाद जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके साथ ही, राज्य के कुछ हिस्सों में गर्जन और तेज़ हवाएं चलने की भी आशंका है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
- पलामू
- गढ़वा
- चतरा
- लातेहार
- रांची
- बोकारो
- गुमला
- हजारीबाग
- खूंटी
- रामगढ़
- लोहरदगा
- कोडरमा
- धनबाद
1 नवंबर का मौसम पूर्वानुमान
1 नवंबर को सुबह के समय कोहरे या धुंध की स्थिति बनी रह सकती है, जबकि दिन के समय आंशिक बादल छाने की संभावना है। राज्य के पूर्वी हिस्से में हल्की बारिश के साथ मेघ गर्जन की स्थिति उत्पन्न हो सकती है, जबकि अन्य हिस्सों में मौसम शुष्क रहने की उम्मीद है। 2 नवंबर को भी सुबह में कोहरा या धुंध रहने की संभावनाएं हैं, लेकिन दिन में मौसम साफ रहने की संभावना जताई जा रही है।
गिरिडीह में बुधवार को काफी बारिश हुई।
किसानों को होने वाला संभावित नुकसान
रांची जिला प्रशासन ने चक्रवात के कारण किसानों को होने वाले संभावित नुकसान को लेकर चेतावनी जारी की है। प्रशासन ने एक एडवाइजरी जारी करते हुए किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी फसलों को सुरक्षित रखें। यह कहा गया है कि जिन खेतों में धान और मक्का जैसी फसलें कटाई के लिए तैयार हैं, उन्हें तुरंत न काटें।
कटी हुई फसलों को खेतों से हटाकर सुरक्षित स्थान पर रखना आवश्यक है। यदि फसलें हवा से गिर गई हैं, तो उन्हें ढककर रखना चाहिए ताकि वर्षा से बचाया जा सके। इसके लिए प्लास्टिक शीट या तिरपाल का उपयोग करने की सलाह दी गई है।
पिछले 24 घंटे में मौसम की स्थिति
पिछले 24 घंटों में राज्य के विभिन्न हिस्सों में हल्के से मध्यम दर्जे की वर्षा हुई है। सबसे अधिक वर्षा 48.0 मिमी दियाकेला (खूंटी) में दर्ज की गई। वहीं, अधिकतम तापमान 33.5 डिग्री सेल्सियस देवघर में और न्यूनतम तापमान 19.2 डिग्री सेल्सियस लातेहार में दर्ज किया गया।
इस प्रकार, चक्रवाती तूफान मोंथा का असर झारखंड के मौसम पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। सभी नागरिकों से अपील की गई है कि वे मौसम की चेतावनियों पर ध्यान रखें और सुरक्षा के उपाय अपनाएं।










