दुर्ग जिले में नशीली दवाओं की अवैध बिक्री के खिलाफ बड़ी कार्रवाई
दुर्ग जिले के जामुल पुलिस ने नशीली दवाओं की अवैध बिक्री करने वालों के खिलाफ एक और बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसकी पहचान तुषार महानंद, उम्र 24 वर्ष, निवासी राजीव नगर बीईसी चौक जामुल, हाल लोधी पारा देवेंद्र नगर रायपुर के रूप में हुई है।
18 अक्टूबर को हुई गिरफ्तारी की जानकारी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 18 अक्टूबर 2025 को एक मुखबिर से सूचना मिली थी कि सीनू इंजीनियरिंग वर्क्स के सामने मंगल बाजार छावनी के पास दो युवक नशीली दवाओं की बिक्री के लिए ग्राहकों की तलाश कर रहे हैं। इस सूचना पर थाना जामुल पुलिस की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दोनों संदिग्धों को पकड़ लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान बिसनाथ बाघ, उम्र 23 वर्ष, निवासी राजीव नगर जामुल और एक नाबालिग के रूप में हुई।
तलाशी में मिली नशीली दवाएं
पुलिस ने जब आरोपियों की तलाशी ली, तो उनके कब्जे से 2805 नग नशीली दवा ‘अल्फा जोलम’ टैबलेट बरामद हुई, जिसकी कीमत लगभग 10,285 रुपए आंकी गई। इसके अलावा आरोपियों के पास से 4,200 रुपए नकद भी मिले, जिससे कुल मिलाकर 14,485 रुपए का माल जब्त किया गया।
पूछताछ के दौरान आरोपी बिसनाथ बाघ ने बताया कि उसने ये नशीली दवाएं तुषार महानंद नामक व्यक्ति से खरीदी थीं। इसके बाद पुलिस ने तुषार महानंद की तलाश शुरू कर दी। अंततः 30 अक्टूबर 2025 को जामुल से उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
नशीली दवाओं की तस्करी पर पुलिस की लगातार कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, तुषार महानंद ने अवैध रूप से अल्फा जोलम टैबलेट कुल 2760 नग की आपूर्ति की थी, जिसकी कीमत 10,120 रुपए थी। आरोपी के खिलाफ थाना जामुल में अपराध क्रमांक 873/2025 धारा 21(बी), 27(क) एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है।
थाना प्रभारी ने बताया कि यह कार्रवाई नशीली दवाओं की तस्करी और बिक्री पर अंकुश लगाने की दिशा में की गई है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि तुषार महानंद को ये नशीली दवाएं कहाँ से प्राप्त होती थीं और उसका नेटवर्क किन-किन इलाकों में फैला हुआ है। पुलिस का यह प्रयास न केवल स्थानीय समुदाय को सुरक्षित बनाना है, बल्कि नशीली दवाओं की तस्करी के खिलाफ एक सख्त संदेश भी है।
तस्करी और अवैध बिक्री के खिलाफ जागरूकता
इस तरह की कार्रवाई से स्पष्ट होता है कि पुलिस प्रशासन नशीली दवाओं की अवैध बिक्री को लेकर कितनी गंभीर है। इसके अलावा, स्थानीय लोगों को भी इस बारे में जागरूक करने की आवश्यकता है, ताकि वे ऐसे अवैध कारोबार से दूर रह सकें। पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि अगर उन्हें इस तरह की किसी गतिविधि की जानकारी मिले, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
- नशीली दवाओं की बिक्री के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है।
- स्थानीय लोगों को जागरूक करने की आवश्यकता है।
- पुलिस ने तुषार महानंद के नेटवर्क की जांच शुरू की है।
समाज में नशीली दवाओं का बढ़ता उपयोग एक गंभीर समस्या है, और इसे रोकने के लिए सभी को मिलकर प्रयास करने की आवश्यकता है। पुलिस प्रशासन का यह कदम सकारात्मक दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे न केवल तस्करों को सजा मिलेगी, बल्कि समाज को भी इस खतरे से सुरक्षित रखा जा सकेगा।











